मूंढापांडे के हिरनखेड़ा गांव में तड़के दो कमरे ढहे, बरामदे में सो रहा था परिवार; बाल-बाल बची जान
बुलंद परवाज़ ब्यूरो
मूंढापांडे। लगातार हो रही बरसात के बीच रविवार तड़के हिरनखेड़ा गांव में एक गरीब मजदूर के मकान के दो कमरे अचानक भरभराकर गिर गए। मकान गिरने से कमरों में रखा घरेलू सामान मलबे के नीचे दब गया और परिवार को काफी नुकसान उठाना पड़ा। गनीमत रही कि हादसे में परिवार का कोई सदस्य घायल नहीं हुआ। हिरनखेड़ा निवासी पतिराम के मुताबिक शनिवार रात वह अपने परिवार के साथ मकान के बरामदे में सो रहे थे। रविवार तड़के करीब तीन बजे अचानक मकान के दो कमरे तेज आवाज के साथ गिर पड़े। धमाके जैसी आवाज सुनकर परिवार के लोग घबरा गए और तुरंत उठकर शोर मचाया। परिवार की आवाज सुनकर आसपास रहने वाले ग्रामीण भी मौके पर पहुंच गए। कुछ ही देर में घटनास्थल पर लोगों की भीड़ जमा हो गई। मकान के मलबे में किसी के दबे होने की आशंका को लेकर परिजनों और ग्रामीणों ने तत्काल तलाश शुरू की, लेकिन राहत की बात रही कि परिवार के सभी सदस्य सुरक्षित बाहर थे। मकान के दोनों कमरों के गिरने से उनमें रखा घरेलू सामान मलबे में दब गया। हादसे के बाद गरीब परिवार के सामने रहने की परेशानी भी खड़ी हो गई है। अचानक मकान गिरने से परिवार को आर्थिक नुकसान का सामना करना पड़ रहा है।

पीड़ित परिवार का कहना है कि बरसात के कारण मकान पहले से ही कमजोर हो गया था। उन्होंने प्रशासन से मौके पर टीम भेजकर मकान गिरने से हुए नुकसान का जायजा लेने और परिवार को उचित आर्थिक सहायता दिलाने की मांग की है। फिलहाल हादसे के बाद परिवार और ग्रामीणों में चिंता का माहौल है। ग्रामीणों ने भी प्रशासन से पीड़ित परिवार की मदद किए जाने की मांग की है, ताकि बरसात के मौसम में परिवार को रहने के लिए सुरक्षित जगह मिल सके।
